चीन जा रहे रूसी तेल के 7 टैंकरों ने लिया यू-टर्न, अब भारत की ओर रुख
नई दिल्ली, 18 मार्च 2026। वैश्विक ऊर्जा बाजार में एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। रूस से कच्चा तेल लेकर चीन जा रहे सात टैंकरों ने समुद्र के बीच से अचानक यू-टर्न लेकर भारत की ओर रुख कर लिया है।
रिपोर्ट के मुताबिक, ये टैंकर दक्षिण चीन सागर के रास्ते में थे, लेकिन बदलती परिस्थितियों के बीच इन्हें भारत की ओर मोड़ दिया गया। जहाज ट्रैकिंग डेटा के अनुसार, इन टैंकरों में से एक 21 मार्च को न्यू मैंगलोर बंदरगाह पहुंच सकता है।
भारत ने बढ़ाई रूसी तेल की खरीद
सूत्रों के अनुसार, भारत ने हाल के समय में रूस से कच्चे तेल के आयात को तेजी से बढ़ाया है। बताया जा रहा है कि भारत ने अपनी खरीद लगभग दोगुनी कर दी है, जिसके चलते रूस ने अपने शिपमेंट को भारत की ओर मोड़ना शुरू कर दिया है।
-वैश्विक बाजार में हलचल
इस घटनाक्रम से अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में हलचल तेज हो गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि रूस अपने तेल के लिए अधिक स्थिर और बड़े खरीदार के रूप में भारत को प्राथमिकता दे रहा है।
वहीं, चीन की ओर जा रही सप्लाई में इस बदलाव से क्षेत्रीय ऊर्जा संतुलन पर भी असर पड़ सकता है।
-भारत को संभावित लाभ
विशेषज्ञों के अनुसार, इस कदम से भारत को रियायती दरों पर अधिक कच्चा तेल मिलने की संभावना है, जिससे देश में ईंधन कीमतों पर दबाव कम हो सकता है। साथ ही, यह भारत की ऊर्जा सुरक्षा को भी मजबूत करेगा।
रूस के तेल टैंकरों का चीन से भारत की ओर मुड़ना न केवल व्यापारिक रणनीति का संकेत है, बल्कि यह बदलते वैश्विक ऊर्जा समीकरणों को भी दर्शाता है। आने वाले दिनों में इसका असर अंतरराष्ट्रीय बाजार और भारत-रूस संबंधों पर साफ दिखाई दे सकता है।

